Class 8 Hindi Vandan Hai Question Answers

Class 8 Hindi Vandan Hai Question Answers

पाठ 1 — वंदन है

अभ्यास के उत्तर

कविता से

अति लघु उत्तरीय प्रश्न

1. कवि ने स्वर्ग से भी सुंदर किसे बताया है?
उत्तर: कवि ने अपनी मातृभूमि की शोभा को स्वर्ग से भी सुंदर बताया है।

2. कवि ने किस बात पर गर्वित होकर कहा है—“यह मेरी मातृभूमि है”?
उत्तर: कवि ने अपनी मातृभूमि की सुंदरता, महानता और गौरव पर गर्वित होकर यह बात कही है।

3. कल्पवृक्ष की विशेषता क्या है?
उत्तर: कल्पवृक्ष लोगों की आशाओं और अभिलाषाओं को पूरा करता है।

4. कवि किसे अपना सब कुछ समर्पित करना चाहता है?
उत्तर: कवि अपनी मातृभूमि को अपना सब कुछ समर्पित करना चाहता है।


लघु उत्तरीय प्रश्न

1. मातृभूमि हमारे लिए क्या-क्या सहन करती है और क्यों?
उत्तर: मातृभूमि हमारे पालन-पोषण और सुख के लिए अनेक कष्ट सहन करती है। वह हमें अन्न, जल, वायु और रहने के लिए स्थान देती है, क्योंकि वह हमारी माँ के समान है।

2. स्वर्गलोक की सुषमा किससे हारी है और क्यों?
उत्तर: स्वर्गलोक की सुषमा मातृभूमि की सुंदरता से हारी है, क्योंकि हमारी मातृभूमि पर्वतों, नदियों, वनों, फूलों और प्राकृतिक संपदा से भरपूर है।

3. कवि ने भारत का भव्य मुकुट किसे कहा है?
उत्तर: कवि ने हिमालय पर्वत को भारत का भव्य मुकुट कहा है।

4. भारत का सिंहासन किसे कहा गया है?
उत्तर: भारत के चारों ओर फैले सिंधु अर्थात समुद्र को भारत का सिंहासन कहा गया है।


दीर्घ उत्तरीय प्रश्न

1. ‘वंदन हैकविता का भावार्थ अपने शब्दों में लिखिए।

उत्तर: इस कविता में कवि ने अपनी मातृभूमि के प्रति प्रेम, सम्मान और गर्व व्यक्त किया है। कवि के लिए उसकी मातृभूमि स्वर्ग से भी अधिक सुंदर है। उसने मातृभूमि की गोद में खेलकर अपना बचपन बिताया है। भारत की सुंदर प्रकृति, हिमालय, समुद्र, वन और उपजाऊ धरती इसे महान बनाते हैं। कवि अपनी मातृभूमि की रक्षा करने और उसके लिए अपना सर्वस्व समर्पित करने का संकल्प लेता है।

2. प्रस्तुत कविता में कवि किस बात पर गर्व महसूस करता है और क्यों?

उत्तर: कवि को अपनी मातृभूमि भारत पर गर्व है। भारत की भूमि सुंदर, उपजाऊ और प्राकृतिक संपदा से भरपूर है। हिमालय इसका मुकुट और समुद्र इसका सिंहासन है। यह वीरों की भूमि है। इसलिए कवि अपनी मातृभूमि पर गर्व महसूस करता है।

3. “सिंह का मुँह फाड़कर दाँत दिखलाने सेक्या अभिप्राय है?

उत्तर: इसका अभिप्राय अत्यंत साहसी और वीर होना है। कवि कहता है कि वह वीर भरत का वंशज है और अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिए बड़े से बड़े शत्रु का भी निर्भय होकर सामना कर सकता है।

4. मातृभूमि की विशेषताओं पर प्रकाश डालिए।

उत्तर: कवि की मातृभूमि स्वर्ग से भी अधिक सुंदर है। इसकी मिट्टी पवित्र और उपजाऊ है। यहाँ सुंदर वन, पर्वत, नदियाँ, फूल और अनेक प्राकृतिक संपदाएँ हैं। हिमालय इसका भव्य मुकुट है और विशाल समुद्र इसका सिंहासन है। मातृभूमि सभी का पालन-पोषण करती है और अपने बच्चों को प्रेम तथा सुरक्षा देती है।


पठित पद्यांश

पद्यांश

खेल-खेल जिसकी गोदी के पालने में,
रहा झूलता, पला, पैर पर खड़ा हुआ।
जिसके आसमान के नीचे आँचल में,
मैं नटखट, चंचल शिशु इतना बड़ा हुआ।
जिसने मेरे लिए सहा सब, कहा कुछ,
सौ-सौ बार उसे मेरा अभिनंदन है।

प्रश्नों के उत्तर

() कवि कहाँ पर झूल-झूलकर बड़ा हुआ है?
उत्तर: कवि अपनी मातृभूमि की गोद रूपी पालने में झूल-झूलकर बड़ा हुआ है।

() प्रस्तुत पद्यांश में कवि किसका वर्णन कर रहा है?
उत्तर: प्रस्तुत पद्यांश में कवि अपनी मातृभूमि का वर्णन कर रहा है।

() मातृभूमि हमारे लिए क्या-क्या सहती है?
उत्तर: मातृभूमि हमारे लिए अनेक कष्ट और परेशानियाँ सहती है, परंतु कभी शिकायत नहीं करती।

() “सौ-सौ बार उसे मेरा अभिनंदन हैसे कवि का क्या तात्पर्य है?
उत्तर: इसका तात्पर्य है कि कवि अपनी मातृभूमि को बार-बार प्रणाम करके उसके प्रति आदर और कृतज्ञता व्यक्त करता है।


व्याकरण बोध

1. निम्नलिखित शब्दों से भाववाचक संज्ञा बनाइए

शब्द

भाववाचक संज्ञा

() सुंदर

सुंदरता

() अपना

अपनापन

() शिशु

शिशुत्व

() बड़ा

बड़प्पन

() सर्व

सर्वस्व

() वीर

वीरता

() बच्चा

बचपन

() लड़का

लड़कपन


2. निम्नलिखित शब्दों के तीन-तीन पर्यायवाची शब्द लिखिए

() धरतीपृथ्वी, धरा, भूमि
() आसमानआकाश, गगन, नभ
() सिंहशेर, केसरी, वनराज
() हिमगिरिहिमालय, हिमाचल, नगाधिराज
() वनजंगल, कानन, अरण्य
() कायाशरीर, देह, तन


3. विलोम शब्द लिखिए

शब्द

विलोम

() धरती

आकाश

() स्वर्ग

नरक

() सुंदर

कुरूप

() अपना

पराया

() सुरक्षित

असुरक्षित

() आशा

निराशा


4. निम्नलिखित शब्दों का प्रयोग करके वाक्य बनाइए

() अभिनंदनविजेता खिलाड़ी का सभी ने अभिनंदन किया।

() अभिलाषामेरी अभिलाषा एक अच्छा नागरिक बनने की है।

() सिंहासनराजा सोने के सिंहासन पर बैठा था।

() सुरक्षितहमें अपने पर्यावरण को सुरक्षित रखना चाहिए।

() सर्वस्वसैनिक देश की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व समर्पित कर देते हैं।

 

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